
13 सितंबर को आयोजित होगी नेशनल लोक अदालत, जिला न्यायाधीश ने ली तैयारी बैठक
महासमुंद, 18 अगस्त 2025।
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली तथा छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर के निर्देशानुसार आगामी 13 सितंबर 2025, शनिवार को जिला न्यायालय महासमुंद सहित सभी तालुका न्यायालयों में नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा।



जिला विधिक सेवा प्राधिकरण महासमुंद की सचिव श्रीमती आफरीन बानो ने जानकारी देते हुए बताया कि लोक अदालत का उद्देश्य न्यायालयों में लंबित प्रकरणों की संख्या में कमी लाना तथा पक्षकारों को त्वरित, सस्ता और सुलभ न्याय उपलब्ध कराना है। इसी कड़ी में जिला न्यायालय महासमुंद तथा बागबाहरा, पिथौरा, बसना और सरायपाली के न्यायालयों में विभिन्न खण्डपीठों का गठन कर लंबित एवं प्री-लिटिगेशन प्रकरणों का निराकरण किया जाएगा।
नेशनल लोक अदालत की तैयारियों की समीक्षा हेतु आज प्राधिकरण की अध्यक्ष एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती अनिता डहरिया ने जिला मुख्यालय में न्यायिक अधिकारियों की बैठक ली। इस दौरान तालुका न्यायालयों के न्यायिक अधिकारी भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से वर्चुअली जुड़े।
बैठक में न्यायालयों में चिन्हांकित प्रकरणों की श्रेणियों जैसे एमएसीटी (मोटर दुर्घटना दावा प्रकरण), सिविल प्रकरण, एनआई एक्ट (चेक बाउंस), समरी प्रकरणों के आंकड़ों का अवलोकन किया गया। साथ ही पूर्व में आयोजित लोक अदालतों में निराकृत एवं लंबित प्रकरणों की समीक्षा भी की गई।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती अनिता डहरिया ने बैठक में निर्देश दिए कि नेशनल लोक अदालत में अधिक से अधिक प्रकरणों को सूचीबद्ध कर निराकरण सुनिश्चित किया जाए। विशेषकर 5 से 10 वर्षों से लंबित मामलों और वरिष्ठ नागरिकों से संबंधित प्रकरणों का आपसी राजीनामे के आधार पर निपटारा प्राथमिकता से किया जाए।
इस नेशनल लोक अदालत से न्यायालयों पर लंबित मामलों का बोझ कम होगा और न्याय पाने की प्रक्रिया और भी त्वरित एवं सरल बनेगी।
